कहते हैं कि मूद्रा बाजार में किसी उत्पाद की जरूरत पैदा होनी चाहिए उसको बेचने वाले जादूई तरीके से पैदा हो जाते हैं। अब अमरीका के बढ़ते हुए ऋण को ही लीजिए इसका सबसे बड़ा परिणाम क्या हो सकता है – भई डालर के गिरने की संभावना है। वारेन बफे सरीखे लोग तो इस पर [...]

चिट्ठों की लोकप्रियता का सबसे बड़ा कारण है उनका अनौपचारिकता का लेखन। लिखते हुए भाई लोगों को इस बात की चिन्ता नहीं रहती कि सुन्दर लिख रहा हूँ कि नहीं। कहीं कुछ नियमों के बाहिर तो नहीं लिख दिया। कहीं संपादक की कैंची ज्यादा तो नहीं चल जाएगी मेरे लेख पर। लेख छपेगा भी नहीं। [...]

अनूप जी उर्फ फुरसतिया जी समय समय पर फूल व फुलझड़ियाँ छोड़ते रहते हैं। ताजा अंक है कविता जरुरत क्या थी जिसमें उनकी इनायत सभी चिट्ठाकारो पर हुई है। कविता का दूसरा पैरा बहुत ही जोरदार है जो की जरुरत की हिसाब से हर जगह फिट कर सकते हैं हम तो उंनीदे थे बढ़िया लिखने [...]

भारतीय शेयर बाजार की अंधाधूंध बढोत्तरी का एक बड़ा कारण है बाहर का पैसा। जब विदेशी निवेशको को अपने पैसी की अच्छी वसूली भारत में दिखती नजर आई तो काफी पैसा अपने यहाँ आने लगा। शायद जितना पिछले पूरे साल में आया था वह साल के पहले तीन महीनों मे ही आ चुका है। इसका [...]

पिछले कुछ महीनों में भारत की स्टॉक मार्किट ने जो छलागें मारी है वह सारी दुनिया में देखी जा रही हैं। नीचे के छवि से आप भी देख सकते हैं। यह भी आप को पता है कि मैं पिछले कुछ समय से पैसे का पीछा कर रहा हूँ। वह तो पता नहीं मिलेगा कि नहीं [...]